press-vani
  • press-vani
  • press-vani
  • press-vani
जयपुर में रामदेव सहित पांच पर केस

कोरोनिल दवा को लेकर अब बाबा रामदेव और 4 अन्य के खिलाफ राजस्थान की राजधानी जयपुर में एफआईआर दर्ज कराई गई है। यह केस कोरोना वायरस की दवा के तौर पर कोरोनिल को लेकर भ्रामक प्रचार करने के आरोप में दर्ज कराया गया है।
जयपुर के ज्योतिनगर थाने में ये एफआईआर दर्ज कराई गई। एफआईआर में योगगुरु रामदेव और बालकृष्ण के अलावा वैज्ञानिक अनुराग वार्ष्णेय, निम्स के अध्यक्ष डॉ. बलबीर सिंह तोमर और निदेशक डॉ. अनुराग तोमर को आरोपी बनाया गया है। थाना प्रभारी सुधीर कुमार उपाध्याय ने बताया कि रामदेव, बालकृष्ण, डॉ. बलबीर सिंह तोमर, डॉ. अनुराग तोमर और पतंजलि के एक वैज्ञानिक अनुराग वार्ष्णेय के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। कोरोनिल के भ्रामक प्रचार के मामले में एफआईआर दर्ज की गई है। 'शिकायत दर्ज कराने वाले वकील बलराम जाखड़ ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ एफआईआर आईपीसी की धारा 420 सहित विभिन्न धाराओं के तहत दर्ज की गई है।
पतंजलि ने निम्स जयपुर में कोरोनिल दवा का परीक्षण करने का दावा किया था। निम्स के अध्यक्ष और चांसलर डॉ. बीएस तोमर ने कहा था कि हमारे पास मरीजों पर परीक्षण करने के लिए सभी आवश्यक अनुमति थी। उन्होंने बताया कि निम्स जयपुर में 100 मरीजों पर इस दवा का ट्रायल किया गया था। परिणाम के अनुसार 3 दिनों में 69 फीसदी मरीज ठीक हो गए। 7 दिनों में 100 फीसदी मरीज ठीक हुए। कोरोनिल को इम्युनिटी बूस्टर या दवा के रूप में प्रचारित किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि हमने इस संबंध में 2 जून को राजस्थान सरकार के स्वास्थ्य विभाग को सूचित किया था।

press-vani
हम लोगों की बात...
press-vani ad